बड़ी खबर! सऊदी अरब में अब 5 साल तक नहीं बढ़ेगा घर और दुकान का किराया, भारतीयों को होगा बड़ा फायदा

बड़ी खबर! सऊदी अरब में अब 5 साल तक नहीं बढ़ेगा घर और दुकान का किराया, भारतीयों को होगा बड़ा फायदा

Saudi Arabia New Rent Rules: सऊदी अरब से एक बड़ी खबर सामने आई है जो वहां काम करने वाले और रहने वाले भारतीयों के लिए राहत की सांस जैसी है। क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान ने रियाद में किराए को लेकर ऐतिहासिक फैसला लिया है। खास बात है कि आने वाले पांच साल तक कोई भी मकान मालिक किराया नहीं बढ़ा पाएगा। गौरतलब है कि यह कदम रियल एस्टेट बाजार को स्थिर करने और पारदर्शिता लाने के लिए उठाया गया है।

क्या है सऊदी अरब के नए किराया नियम? (Saudi Arabia New Rent Rules 2025)

सऊदी अरब में लागू हुए नए किराया नियमों का असर सीधे तौर पर उन 25 लाख से अधिक भारतीयों पर पड़ेगा जो यहां नौकरी, व्यापार या अन्य कारणों से रहते हैं। खास बात है कि अब रियाद में किराए पांच साल तक फ्रीज रहेंगे, जिससे मकानों और व्यावसायिक प्रॉपर्टी के बढ़ते किराए की चिंता खत्म हो जाएगी।

जनरल रियल एस्टेट अथॉरिटी के अनुसार, इस कदम का उद्देश्य बाजार में संतुलन, पारदर्शिता और निष्पक्षता लाना है, जिसमें किराया नियंत्रण, अनुबंध नवीनीकरण और प्रॉपर्टी पंजीकरण जैसी शर्तें शामिल हैं। गौरतलब है कि भारत और सऊदी अरब के बीच व्यापारिक रिश्ते मजबूत हैं और हजारों भारतीय हर साल यहां रोजगार और बिजनेस के लिए जाते हैं।

ये भी पढ़ें: चीन के गांसू प्रांत में आया 5.6 तीव्रता का भूकंप, कई मकान ढहे; दहशत का माहौल

इस नए नियम से उन्हें पांच साल तक किराए की बढ़ोतरी की टेंशन नहीं रहेगी, जिससे वे अपनी कमाई का बड़ा हिस्सा आसानी से सेविंग या निवेश में लगा सकते हैं। इसके अलावा विशेषज्ञों का कहना है कि यह नियम प्रवासियों के जीवन स्तर को बेहतर बनाने के साथ-साथ सऊदी रियल एस्टेट मार्केट में स्थिरता भी लाएगा।

कब से लागू होगा नया नियम?

बता दें कि सऊदी अरब में रियाद के मकानों और दुकानों के किराए पर नया नियम 25 सितंबर 2025 से लागू होगा। इसके तहत पुराने लीज़ वाले किराए को कोई भी मालिक बढ़ा नहीं सकेगा, जबकि खाली प्रॉपर्टी का किराया पिछली रिकॉर्ड की गई कीमत पर तय होगा। पहली बार किराए पर दी जाने वाली संपत्तियों का किराया अब मालिक और किराएदार की आपसी सहमति से ही तय होगा।

विशेषज्ञों का कहना है कि यह कदम सऊदी रियल एस्टेट मार्केट में स्थिरता लाएगा और अचानक बढ़ते किराए से उत्पन्न आर्थिक दबाव को कम करेगा। खासतौर पर भारतीय और अन्य विदेशी नौकरीपेशा प्रवासियों के लिए यह नियम बड़ी राहत साबित होगा, क्योंकि अब वे अगले पांच साल तक किराया बढ़ने की चिंता किए बिना अपने घर और व्यवसाय की योजना बना सकेंगे।

ये भी पढ़ें: बिहार को मिला बड़ा तौफ़ा! 3,822 करोड़ से बनेगा 4-लेन हाईवे और 2,192 करोड़ से बढ़ेगा रेलवे नेटवर्क

ऐसे ही और महत्वपूर्ण खबरों को अपने फोन पर पाने के लिए, जुड़िए हमारे साथ

हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़ें

हमारे WhatsApp चैनल को फॉलो करें