महंगाई बढ़ने पर केंद्र सरकार ने बढ़ाई मजदूरी, जानिए अब किस श्रमिक को मिलेगा कितना पैसा

VDA Wage Hike 2026: केंद्र सरकार ने असंगठित क्षेत्र के लाखों श्रमिकों के लिए वेरिएबल डियरनेस अलाउंस (VDA) में बढ़ोतरी का ऐलान किया है। नई दरें 1 अक्टूबर 2026 से लागू हो गई हैं। इस बदलाव का असर खेती, निर्माण और मेंटेनेंस सेक्टर में काम करने वाले मजदूरों की न्यूनतम मजदूरी पर पड़ेगा।
श्रम एवं रोजगार मंत्रालय के श्रम ब्यूरो ने शहरों और काम की श्रेणी के अनुसार नई दरें जारी की हैं। महंगाई बढ़ने के कारण यह संशोधन किया गया है, ताकि श्रमिकों को राहत मिल सके।
क्यों बढ़ाई गई मजदूरी?
वेरिएबल डियरनेस अलाउंस यानी VDA को महंगाई के अनुसार तय किया जाता है। यह भत्ता बेसिक वेतन में जुड़कर न्यूनतम मजदूरी का हिस्सा बनता है। सरकार हर छह महीने में इसकी समीक्षा करती है। इस बार संशोधन के लिए 30 जून 2026 तक के औद्योगिक श्रमिक उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI-IW) को आधार बनाया गया।
यह सूचकांक 424.80 से बढ़कर 431.42 अंक पर पहुंच गया, यानी इसमें 6.62 अंकों की वृद्धि हुई। इसी वजह से श्रमिकों की दैनिक मजदूरी दरों में भी बढ़ोतरी की गई है। हालांकि, यह बढ़ोतरी पूरी महंगाई की भरपाई नहीं करती, लेकिन इसका उद्देश्य बढ़ती कीमतों के असर को कुछ हद तक कम करना है। अगली समीक्षा छह महीने बाद फिर की जाएगी।
शहर और कौशल के हिसाब से तय हुई नई मजदूरी
सरकार ने शहरों को एरिया ए, बी और सी में बांटा है। वहीं श्रमिकों को उनके काम और कौशल के आधार पर चार श्रेणियों में रखा गया है। इनमें अनस्किल्ड, सेमी-स्किल्ड, स्किल्ड और हाईली स्किल्ड श्रमिक शामिल हैं। नई VDA दरों के अनुसार अलग-अलग श्रेणी के कर्मचारियों को एरिया के हिसाब से निम्न दैनिक मजदूरी मिलेगी।
| श्रमिक श्रेणी | एरिया A | एरिया B | एरिया C |
|---|---|---|---|
| अनस्किल्ड | ₹840 | ₹704 | ₹565 |
| सेमी-स्किल्ड और क्लेरिकल | ₹933 | ₹794 | ₹661 |
| स्किल्ड | ₹1,024 | ₹933 | ₹794 |
| हाईली स्किल्ड | ₹1,111 | ₹1,024 | ₹933 |
इसमें हाईली स्किल्ड श्रमिकों के लिए एरिया A में सबसे अधिक ₹1,111 प्रतिदिन की दर तय की गई है। वहीं अनस्किल्ड श्रमिकों को एरिया C में ₹565 प्रतिदिन मिलेंगे। सेमी-स्किल्ड और क्लेरिकल श्रमिकों के लिए दर ₹661 से ₹933 प्रतिदिन के बीच है, जबकि स्किल्ड श्रमिकों की दैनिक मजदूरी ₹794 से ₹1,024 तक है।
श्रम मंत्रालय की अधिसूचना में एरिया A, B और C के तहत आने वाले शहरों और क्षेत्रों की पूरी सूची दी जाती है। आमतौर पर बड़े शहर एरिया A और छोटे कस्बे एरिया C में शामिल होते हैं। हालांकि, किसी कर्मचारी की मजदूरी तय करते समय अनुमान लगाने के बजाय आधिकारिक सूची में अपने क्षेत्र की श्रेणी देखना जरूरी है। इससे भुगतान की सही दर तय करने में मदद मिलेगी।
निर्माण और खेती के श्रमिकों को कितना फायदा मिलेगा?
निर्माण और मेंटेनेंस सेक्टर में काम करने वाले श्रमिकों के लिए नई दरें 1 अक्टूबर 2026 से लागू हो चुकी हैं। इस क्षेत्र में सड़क, रनवे, भवन निर्माण, बिजली और टेलीफोन केबल बिछाने, पानी की पाइपलाइन और सीवरेज से जुड़े काम शामिल हैं। निर्माण क्षेत्र में अनस्किल्ड श्रमिकों की न्यूनतम मजदूरी एरिया ए में 840 रुपये प्रतिदिन तक पहुंच गई है, जबकि हाईली स्किल्ड कर्मचारियों को 1,111 रुपये तक मिल सकते हैं।
खेती के क्षेत्र में मजदूरी अलग अधिसूचना के तहत तय की जाती है। कृषि क्षेत्र के अनस्किल्ड श्रमिकों को एरिया ए में 537 रुपये, बी में 491 रुपये और सी में 486 रुपये प्रतिदिन मिलेंगे। वहीं स्किल्ड कृषि कर्मचारियों के लिए एरिया ए में 705 रुपये प्रतिदिन की दर तय की गई है।
दीपावली से पहले लागू हुई इन नई दरों से लाखों श्रमिकों को राहत मिलने की उम्मीद है। श्रमिकों और ठेकेदारों को भुगतान से पहले अपनी श्रेणी और क्षेत्र की पुष्टि श्रम ब्यूरो की अधिसूचना से कर लेनी चाहिए।
ये भी पढ़ें:
विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा को झटका! धर्मेंद्र कश्यप ने छोड़ी पार्टी, सपा के सवाल पर दिया संकेत
स्मार्टफोन होल्डर का झंझट खत्म! इन 5 किफायती बाइक्स के स्क्रीन पर चलेगा गूगल मैप, देखें कीमत
इस महिने टाटा कारों पर मिल रहा ₹1.25 लाख तक का तगड़ा डिस्काउंट, देखें पूरी लिस्ट

