भारत के मिसाइल टेस्ट से पहले हिंद महासागर में बढ़ी हलचल, अमेरिका और चीन ने भेजे अपने जासूसी जहाज
India Missile Test: भारत द्वारा बंगाल की खाड़ी में NOTAM (Notice to Airmen) जारी किए जाने के बाद हिंद महासागर में अंतरराष्ट्रीय गतिविधियों का स्तर अचानक बढ़ गया है। माना जा रहा है कि भारत जल्द ही एक लॉन्ग रेंज बैलिस्टिक मिसाइल टेस्ट (Long Range Ballistic Missile Test) करने जा रहा है। इसी बीच अमेरिका और चीन दोनों ने अपने-अपने जासूसी जहाज (Spy Ships) इस क्षेत्र में तैनात कर दिए हैं, जिससे स्थिति काफी दिलचस्प हो गई है।
India Missile Test से पहले अमेरिका और चीन की बढ़ी हलचल
बता दें कि भारत की मिसाइल टेस्ट चेतावनी के तुरंत बाद, चीन और अमेरिका दोनों देशों के निगरानी पोत (Surveillance Ships) हिंद महासागर क्षेत्र में देखे गए हैं। हालांकि दोनों देश इन्हें “समुद्री अनुसंधान पोत” बताते हैं, लेकिन इनका असली मकसद दूसरे देशों की सैन्य गतिविधियों पर नजर रखना होता है।
चीन का Yuan Wang 5 जहाज कर रहा ट्रैकिंग मिशन
गौरतलब है कि चीन का अत्याधुनिक जासूसी जहाज Yuan Wang 5 हाल ही में मलेशिया के पोर्ट क्लैंग से रवाना होकर हिंद महासागर पहुंच गया है। यह जहाज चीन के मिसाइल और सैटेलाइट ट्रैकिंग सिस्टम का अहम हिस्सा है।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| जहाज का नाम | Yuan Wang 5 |
| देश | चीन |
| शामिल वर्ष | 2007 |
| मुख्य कार्य | मिसाइल, रॉकेट और सैटेलाइट ट्रैकिंग |
| संचालन क्षेत्र | अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र (Indian Ocean Region) |
खास तौर पर, इस जहाज की क्षमता इतनी उन्नत है कि यह बैलिस्टिक मिसाइलों और उपग्रहों की कक्षीय गति को रियल-टाइम में मॉनिटर कर सकता है।
अमेरिकी Ocean Titan भारत के तट के पास सक्रिय
वहीं, अमेरिका का Ocean Titan नामक सर्वेक्षण और जासूसी जहाज भारत के पश्चिमी तट के पास सक्रिय है। यह जहाज 1989 में तैयार किया गया था और इसमें अत्याधुनिक डीज़ल-इलेक्ट्रिक इंजन और सर्वे उपकरण लगे हैं।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| जहाज का नाम | Ocean Titan |
| देश | अमेरिका |
| निर्माण वर्ष | 1989 |
| लंबाई | 68 मीटर |
| चौड़ाई | 13 मीटर |
| मुख्य उद्देश्य | समुद्री निगरानी और खुफिया जानकारी एकत्रित करना |
विशेषज्ञों का कहना है कि अमेरिका इस जहाज का इस्तेमाल भारतीय रक्षा गतिविधियों और परीक्षणों पर तकनीकी निगरानी के लिए कर रहा है।
कब होगा भारत का मिसाइल परीक्षण?
भारत द्वारा जारी NOTAM अलर्ट के अनुसार, बंगाल की खाड़ी में 3550 किलोमीटर के दायरे को नो-फ्लाई ज़ोन घोषित किया गया है। यह संकेत देता है कि भारत 15 से 17 अक्टूबर के बीच अपनी नई लंबी दूरी की बैलिस्टिक मिसाइल का परीक्षण कर सकता है। यह कदम भारत की रणनीतिक क्षमता, रक्षा आत्मनिर्भरता, और राष्ट्रीय सुरक्षा नीति के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
ये भी पढ़ें: भारत पर मंडरा रहा है नया खतरा, अमेरिका देने जा रहा है पाकिस्तान को घातक AMRAAM Missile
हालांकि आधिकारिक तौर पर इस परीक्षण की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन रक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि यह मिसाइल भारत की Agni सीरीज़ की अगली पीढ़ी की मिसाइल हो सकती है, जिसकी रेंज 5000 किमी तक हो सकती है।
गौरतलब है कि हिंद महासागर का क्षेत्र अब सिर्फ व्यापारिक मार्ग नहीं, बल्कि रणनीतिक प्रतिस्पर्धा का केंद्र बन चुका है। भारत के मिसाइल परीक्षण की खबर ने जहां क्षेत्रीय सुरक्षा को लेकर हलचल मचा दी है, वहीं अमेरिका और चीन की गतिविधियों ने यह भी दिखा दिया है कि एशिया-प्रशांत क्षेत्र की शक्ति-संतुलन की राजनीति अब नई दिशा में जा रही है।
ऐसे ही और महत्वपूर्ण खबरों को अपने फोन पर पाने के लिए, जुड़िए हमारे साथ