मानसून से पहले विभाग का बड़ा अलर्ट! अगले 5 दिन बदल देंगे मौसम का मिजाज, कई राज्यों में भारी बारिश और तूफान

IMD Monsoon Forecast 2026: भारी बारिश, तूफान और हीटवेव का डबल अलर्ट
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IMD Monsoon Forecast 2026: देशभर का मौसम अचानक खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। कहीं मूसलाधार बारिश और तेज आंधी का अलर्ट जारी हुआ है तो कहीं 46 डिग्री की झुलसाने वाली गर्मी लोगों की मुश्किल बढ़ा रही है। मौसम विभाग ने कई राज्यों के लिए चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि आने वाले दिन यात्रा और रोजमर्रा की जिंदगी पर बड़ा असर डाल सकते हैं। केरल में मानसून की एंट्री की तारीख भी सामने आ गई है, जिससे मौसम तेजी से बदलने वाला है।

26 मई तक केरल पहुंच सकता है दक्षिण-पश्चिम मानसून

भारतीय मौसम विभाग के मुताबिक दक्षिण-पश्चिम मानसून के आगे बढ़ने के लिए अरब सागर, बंगाल की खाड़ी और अंडमान सागर में अनुकूल परिस्थितियां बन चुकी हैं। ऐसे में अनुमान लगाया जा रहा है कि 26 मई तक मानसून केरल पहुंच सकता है। मानसून की दस्तक के साथ ही कई राज्यों में तेज बारिश, आंधी और बिजली गिरने की घटनाएं बढ़ सकती हैं।

असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश, सिक्किम, पश्चिम बंगाल के पहाड़ी इलाकों, कर्नाटक के तटीय क्षेत्रों और अंडमान-निकोबार द्वीप समूह में भारी बारिश की संभावना जताई गई है। वहीं बिहार, झारखंड, ओडिशा, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश में तेज हवाओं और गरज-चमक के साथ बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।

मौसम विभाग ने लोगों को सावधान रहने की सलाह देते हुए कहा है कि भारी बारिश के कारण निचले इलाकों में जलभराव, ट्रैफिक जाम और सड़क पर कम विजिबिलिटी जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं।

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पहाड़ से समंदर तक मौसम का खतरा

देश के कई मशहूर पर्यटन स्थलों पर मौसम अब मुसीबत बनता दिख रहा है। पूर्वोत्तर भारत और पूर्वी हिमालय के इलाकों में लगातार बारिश के कारण भूस्खलन, सड़क बंद होने और घंटों लंबे जाम का खतरा बढ़ गया है। खासकर गंगटोक, चेरापूंजी और अरुणाचल प्रदेश के कई हिस्सों में घूमने जा रहे लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। मौसम खराब होने पर पहाड़ी रास्तों में अचानक पत्थर गिरने और यात्रा रुकने जैसी परेशानी सामने आ सकती है।

वहीं समुद्री इलाकों में भी हालात सामान्य नहीं हैं। अंडमान सागर और आसपास के क्षेत्रों में 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है। इसका असर फेरी सेवा, बोटिंग, क्रूज राइड और वॉटर स्पोर्ट्स जैसी गतिविधियों पर पड़ सकता है।

मौसम विभाग ने मछुआरों को अरब सागर और बंगाल की खाड़ी के कई हिस्सों में समुद्र में नहीं जाने की चेतावनी दी है। केरल और कर्नाटक के तटीय इलाकों में ऊंची लहरें और उफनता समुद्र पर्यटकों की मुश्किल बढ़ा सकता है। ऐसे में यात्रा पर निकलने से पहले मौसम अपडेट जरूर देख लेने की सलाह दी जा रही है।

उत्तर भारत में गर्मी का कहर जारी

देश के कई हिस्सों में मौसम तेजी से बदल रहा है। उत्तर और मध्य भारत अभी भी भीषण गर्मी की चपेट में हैं। राजस्थान, दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, मध्य प्रदेश, तेलंगाना और उत्तर प्रदेश में अगले कुछ दिनों तक लू चलने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग के अनुसार 19 से 23 मई के बीच उत्तर प्रदेश के कई इलाकों में गंभीर हीटवेव का असर दिख सकता है।

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बता दें कि उत्तर प्रदेश के बांदा में तापमान 46.4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जो देश में सबसे अधिक दर्ज किया गया। लगातार बढ़ती गर्मी के कारण लोगों को डिहाइड्रेशन, हीट स्ट्रोक और थकान जैसी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।

खासकर दोपहर के समय बाहर निकलने वाले लोगों, यात्रियों और धार्मिक या पर्यटन स्थलों पर घूमने वालों को अधिक सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि मानसून करीब आने के कारण आने वाले दिनों में मौसम में और तेजी से बदलाव देखने को मिल सकता है।

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