भारत में Starlink की एंट्री पर नया अपडेट, Jio ने भी साफ किया अपना रुख, जानें कब शुरू होगा इंटरनेट

Starlink India Launch: भारत में कब शुरू होगा स्टारलिंक का इंटरनेट?
1 min read

Starlink India Launch: एलन मस्क की सैटेलाइट इंटरनेट कंपनी स्टारलिंक भारत में अपनी सेवाएं शुरू करने की तैयारी का दावा कर रही है। वहीं, मुकेश अंबानी की Reliance Industries ने भी साफ कर दिया है कि उसे बाजार में मुकाबले से परेशानी नहीं है। लेकिन क्या भारतीय ग्राहक जल्द Starlink का इंटरनेट इस्तेमाल कर पाएंगे? कंपनी की तैयारी, सरकारी मंजूरी और Jio के रुख से जुड़ी अहम बातें जानिए।

Starlink ने भारत को लेकर क्या कहा?

SpaceX की सैटेलाइट इंटरनेट सेवा Starlink ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बताया कि,

वह भारत में हाई-स्पीड इंटरनेट उपलब्ध कराने के लिए तैयार है। वह पांच साल से ज्यादा समय से भारत में सरकारी विभागों, दूसरी कंपनियों और टेलीकॉम ऑपरेटरों के साथ काम कर रही है।

Starlink का कहना है कि उसने भारत में इंटरनेट सेवा चलाने के लिए जरूरी तकनीकी ढांचा, गेटवे और अन्य व्यवस्थाएं तैयार की हैं। कंपनी के अनुसार, इस ढांचे का इस्तेमाल देश के भीतर इंटरनेट ट्रैफिक को सुरक्षित तरीके से संभालने के लिए किया जाएगा।

हालांकि, कंपनी की तैयारी और आम ग्राहकों के लिए व्यावसायिक सेवा शुरू होना अलग-अलग बातें हैं। सरकारी मंजूरी और सुरक्षा से जुड़ी शर्तें पूरी होने के बाद ही सेवा शुरू करने का रास्ता साफ होगा। फिलहाल, भारत में स्टारलिंक की लॉन्च डेट (Starlink India launch date) और इंटरनेट प्लान की कीमत को लेकर कोई पक्की जानकारी सामने नहीं आई है।

Starlink और Jio में क्या है अंतर?

Starlink और Jio की इंटरनेट सेवाओं में सबसे बड़ा अंतर इंटरनेट पहुंचाने के तरीके का है। Jio मुख्य रूप से मोबाइल टावरों और फाइबर ब्रॉडबैंड के जरिए इंटरनेट उपलब्ध कराता है। वहीं, Starlink पृथ्वी की निचली कक्षा में मौजूद सैटेलाइट की मदद से इंटरनेट कनेक्टिविटी देता है।

इस तकनीक का फायदा उन इलाकों में मिल सकता है, जहां फाइबर केबल बिछाना या मोबाइल नेटवर्क पहुंचाना मुश्किल है। दूरदराज के गांवों, पहाड़ी क्षेत्रों और सीमित नेटवर्क वाले इलाकों में सैटेलाइट इंटरनेट एक विकल्प बन सकता है।

Starlink के कनेक्शन के लिए विशेष डिश एंटीना और दूसरे उपकरणों की जरूरत होती है। साथ ही, उपकरण की जगह से सैटेलाइट का साफ दृश्य मिलना जरूरी होता है। इसकी वास्तविक स्पीड और इंटरनेट की गुणवत्ता स्थान, मौसम और नेटवर्क की स्थिति के अनुसार बदल सकती है।

दूसरी ओर, Jio का मौजूदा मोबाइल और ब्रॉडबैंड नेटवर्क पहले से बड़ी संख्या में ग्राहकों को सेवा देता है। Reliance के मुताबिक,

Jio ने 2016 में टेलीकॉम बाजार में कदम रखा था और अब उसके 53 करोड़ से ज्यादा ग्राहक हैं।

कंपनी ने अपने बयान में Starlink का स्वागत करते हुए कहा कि उसे प्रतिस्पर्धा से डर नहीं है।

एलन मस्क और अंबानी के बीच विवाद क्यों?

Starlink की भारत में एंट्री को लेकर एलन मस्क और Reliance Industries के बीच बयानबाजी हुई है। मस्क ने आरोप लगाया कि कुछ कारोबारी समूह भारत में Starlink की सेवा शुरू होने में बाधा डाल रहे हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि बाजार में ज्यादा विकल्प मिलने से भारतीय ग्राहकों को फायदा होगा।

मस्क ने रिलायंस पर भारतीय टेलीकॉम बाजार में अपनी मजबूत स्थिति बनाए रखने की कोशिश करने का आरोप लगाया। हालांकि, ये मस्क के आरोप हैं। इनके आधार पर यह निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता कि रिलायंस ने वास्तव में Starlink की एंट्री रोकने की कोशिश की है।

Reliance ने अपने बयान में कहा कि,

वह सैटेलाइट इंटरनेट क्षेत्र में प्रतिस्पर्धा का स्वागत करती है, लेकिन भारत में काम करने वाली सभी कंपनियों को देश के नियमों का पालन करना होगा।

कंपनी ने यह भी स्पष्ट किया कि उसकी अपनी सैटेलाइट इंटरनेट सेवा को भी जरूरी मंजूरियों का इंतजार है।

भारत में Starlink कब शुरू होगा?

भारत में Starlink की सेवा शुरू होने की तारीख अभी तय नहीं है। केंद्रीय संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने अक्टूबर में कहा था कि Starlink, Reliance Jio की सैटेलाइट इकाई और भारती समर्थित Eutelsat OneWeb को सैटेलाइट कम्युनिकेशन लाइसेंस मिल चुके हैं। लेकिन व्यावसायिक सेवाएं शुरू करने के लिए कंपनियों को सुरक्षा संबंधी शर्तें पूरी करनी होंगी।

इसके अलावा, सैटेलाइट इंटरनेट के लिए स्पेक्ट्रम आवंटन और उससे जुड़े शुल्क की व्यवस्था भी महत्वपूर्ण है। सरकार इस व्यवस्था को अंतिम रूप देने की दिशा में काम कर रही थी। इसलिए केवल लाइसेंस या तकनीकी ढांचा तैयार होने से सेवा तुरंत शुरू नहीं हो जाती।

भारतीय ग्राहकों के लिए अब सबसे अहम सवाल इंटरनेट की कीमत, स्पीड और उपलब्धता का है। अगर Starlink को सभी जरूरी मंजूरियां मिल जाती हैं, तो खासकर उन इलाकों में इंटरनेट का नया विकल्प मिल सकता है, जहां मौजूदा नेटवर्क कमजोर है।

फिलहाल, कंपनी की तैयारी को लेकर आया बयान एक महत्वपूर्ण अपडेट है, लेकिन लॉन्च की तारीख और ग्राहकों के लिए प्लान की जानकारी का इंतजार करना होगा।

Jai Jagdamba News Whatsapp

About the Author

Veer Rai

Founder & Editor, जय जगदम्बा न्यूज

Veer Rai is the Founder and Editor-in-Chief of Jai Jagdamba News, a digital news platform covering Bihar and key developments across India. He oversees the publication’s editorial direction, content strategy, and digital growth, with a focus on accurate reporting, local issues, and reader-focused journalism. Committed to maintaining editorial standards and delivering clear, reliable, and relevant news to readers.

View all articles by Veer Rai →