होर्मुज जलडमरूमध्य बना तनाव का नया केंद्र, अमेरिकी कार्रवाई के बाद ईरान का जवाबी मिसाइल हमला, कुवैत में बजा खतरे का अलार्म

Iran Missile Attack Kuwait Alert Middle East Conflict
1 min read

Iran Missile Attack Kuwait Alert: मध्य पूर्व में एक बार फिर हालात तनावपूर्ण हो गए हैं। अमेरिकी सैन्य कार्रवाई के बाद ईरान ने जवाबी मिसाइल हमलों का दावा किया है, जबकि कुवैत में लगातार बजते सायरनों ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल मार्गों में शामिल होर्मुज जलडमरूमध्य अब इस टकराव का केंद्र बनता दिख रहा है। आखिर क्या है पूरा मामला, क्यों बढ़ रही है वैश्विक चिंता और इसका असर दुनिया पर कितना पड़ सकता है, जानिए इस रिपोर्ट में।

होर्मुज जलडमरूमध्य के पास बढ़ा सैन्य तनाव

अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते टकराव का असर अब होर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास साफ दिखाई देने लगा है। ईरान का दावा है कि अमेरिका ने सीरिक शहर और क़ेश्म द्वीप के पास सैन्य कार्रवाई की, जिसके जवाब में उसने क्षेत्र में मिसाइल हमले किए। हालांकि ईरान ने यह नहीं बताया कि किन ठिकानों को निशाना बनाया गया।

वहीं अमेरिकी सेना का कहना है कि,

उसकी कार्रवाई समुद्री सुरक्षा बनाए रखने और संभावित खतरों से बचाव के लिए थी।

गौरतलब है कि होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे अहम समुद्री मार्गों में शामिल है, जहां से बड़ी मात्रा में वैश्विक तेल आपूर्ति गुजरती है। ऐसे में यहां बढ़ता सैन्य तनाव केवल क्षेत्रीय नहीं, बल्कि पूरी दुनिया के ऊर्जा बाजार के लिए चिंता का विषय बन गया है।

ये भी पढ़ें: चीन-पाकिस्तान की बढ़ सकती है चिंता, भारत बना रहा दुश्मन के रडार को चकमा देने वाला एडवांस फाइटर जेट

कुवैत में कई बार बजे सायरन

खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते तनाव के बीच कुवैत में शनिवार को कई बार चेतावनी सायरन बजने से लोगों में चिंता का माहौल बन गया। अरबी मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक देशभर में पांच बार सायरन सक्रिय किए गए, जिसके बाद वायु रक्षा प्रणाली ने कई संदिग्ध मिसाइलों और ड्रोन को रास्ते में ही रोकने की कार्रवाई की।

इस दौरान कई लोगों ने आसमान में तेज धमाकों की आवाजें सुनने की जानकारी दी, जिन्हें मिसाइल रोकने की प्रक्रिया से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि कुछ समय बाद सायरन बंद कर दिए गए और अधिकारियों ने स्थिति को नियंत्रण में बताया, लेकिन क्षेत्र में बढ़ते सैन्य तनाव को देखते हुए लोगों की चिंता अभी भी कम नहीं हुई है।

अमेरिकी सेना ने ईरान के रडार ठिकानों को बनाया निशाना

अमेरिका और ईरान के बीच तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड के अनुसार, ईरान की ओर से होर्मुज जलडमरूमध्य की दिशा में चार आत्मघाती ड्रोन भेजे गए थे, जिन्हें अमेरिकी सेना ने रास्ते में ही मार गिराया। अमेरिका का कहना है कि ये ड्रोन समुद्री जहाजों और क्षेत्र में तैनात सैन्य संसाधनों के लिए खतरा बन सकते थे।

इसके बाद अमेरिकी सेना ने क़ेश्म द्वीप और गोरुक इलाके में मौजूद ईरान के तटीय निगरानी रडार ठिकानों पर जवाबी कार्रवाई की। अमेरिकी अधिकारियों के मुताबिक यह कदम संभावित खतरों को रोकने के लिए उठाया गया, जबकि ईरान ने इस कार्रवाई को अमेरिकी आक्रामकता बताते हुए इसकी आलोचना की है।

ये भी पढ़ें: भारत ने बना लिया हवा में उड़ता ‘शिकारी हथियार’, पलभर में तबाह होंगे टैंक और हेलिकॉप्टर

हालिया घटनाओं ने और बढ़ाई टकराव की आशंका

हाल के दिनों में हुई घटनाओं ने मध्य पूर्व में तनाव को और बढ़ा दिया है। कुछ समय पहले कुवैत के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हुए एक घातक ड्रोन हमले में एक व्यक्ति की जान चली गई थी, जबकि कई लोग घायल हुए थे। इस घटना के बाद कुवैत ने ईरान पर गंभीर आरोप लगाए, लेकिन तेहरान ने किसी भी तरह की भूमिका से साफ इनकार कर दिया।

इसी बीच अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ती सैन्य गतिविधियों, कुवैत में सुरक्षा अलर्ट और होर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास तेज होती हलचल ने पूरे खाड़ी क्षेत्र को चिंता में डाल दिया है। जानकारों का मानना है कि मौजूदा हालात में कोई भी छोटी चूक बड़े संघर्ष का रूप ले सकती है, जिसका असर सिर्फ क्षेत्रीय सुरक्षा ही नहीं बल्कि वैश्विक तेल बाजार और अंतरराष्ट्रीय व्यापार पर भी पड़ सकता है।

Jai Jagdamba News Whatsapp