Online Gaming Bill 2025 अब बना कानून, राष्ट्रपति की मंजूरी के साथ अब Dream11, Winzo और Rummy Circle जैसे रियल-मनी गेमिंग पर पूरी तरह लगेगा रोक

Online Gaming Bill 2025 becomes Law after President Signature
1 min read

Online Gaming Act 2025: संसद से पारित होने के बाद Online Gaming Bill 2025 को राष्ट्रपति की मंजूरी मिल गई है, जिसके बाद अब यह कानून का रूप ले चुका है। खास बात है कि इस कानून के तहत फैंटेसी लीग, कार्ड गेम्स, पोकर, रमी और ऑनलाइन सट्टेबाजी पर पूरी तरह से रोक लग जाएगी। हालाकि, ई-स्पोर्ट्स और सोशल गेम्स को बढ़ावा देने की छूट दी गई है।

Online Gaming Bill 2025 बिल का उद्देश्य

केंद्र सरकार ने यह विधेयक ऑनलाइन गेमिंग की लत, वित्तीय नुकसान और मानसिक स्वास्थ्य पर पड़ने वाले दुष्प्रभावों को रोकने के लिए लाया है। केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने संसद में बिल पेश करते हुए कहा कि ऑनलाइन मनी गेमिंग से धोखाधड़ी, मनी लॉन्ड्रिंग और आत्महत्याओं जैसे गंभीर परिणाम सामने आए हैं।

  • आंकड़ों के अनुसार भारत में हर साल लगभग 45 करोड़ लोग Online Gaming में 20,000 करोड़ रुपये से अधिक गंवा देते हैं।
  • सरकार का मानना है कि यह बिल युवाओं और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को वित्तीय संकट और मानसिक तनाव से बचाएगा।

आईटी मंत्री ने कहा कि अगर समाज और राजस्व में से किसी एक को चुनना पड़े, तो सरकार ने हमेशा समाज को प्राथमिकता दी है। उन्होंने कर्नाटक में सुसाइड के आंकड़ों को भी मीडिया रिपोर्ट्स में कोट किया।

ये भी पढ़ें: अब Tatkal टिकट बुकिंग होगी फटाफट! IRCTC का नया सिस्टम सिर्फ 1 मिनट में कर देगा 1 लाख से ज्यादा टिकट बुक

क्या अब बंद होंगे Dream11 और Winzo जैसे ऐप्स?

गौरतलब है कि इस कानून के लागू होने के साथ ही Dream11, My11Circle, Winzo और Rummy Circle जैसे फैंटेसी गेमिंग प्लेटफॉर्म्स ने अपने प्लेटफॉर्म पर रियल मनी गेम्स पर रोक लगा दी है। आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा था कि ऑनलाइन गेमिंग तीन सेगमेंट में बंटी है। इनमें से दो सेगमेंट को सरकार प्रमोट करेगी, जबकि रियल-मनी गेमिंग पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। सरकार का मानना है कि ये गेम्स न केवल व्यक्तिगत और परिवारों को नुकसान पहुंचा रहे हैं, बल्कि मनी लॉन्ड्रिंग, टैक्स चोरी और आतंकवाद फंडिंग से भी जुड़े हुए पाए गए हैं।

ऑनलाइन गेमिंग इंडस्ट्री पर पड़ेगा बड़ा असर

भारत में ऑनलाइन गेमिंग इंडस्ट्री का आकार लगभग 3.8 अरब डॉलर का है, लेकिन Online Gaming Bill 2025 के लागू होने के बाद इसका भविष्य अब अनिश्चित हो गया है। Dream11, Winzo और अन्य फैंटेसी गेमिंग ऐप्स ने अब रियल-मनी गेम्स और सट्टेबाजी वाले ऑप्शन्स ब्लॉक कर दिए हैं। सरकार की यह नीति सुरक्षा और सामाजिक जिम्मेदारी को प्राथमिकता देती है। विशेषज्ञों का कहना है कि इंडस्ट्री को अब मॉडल बदलकर केवल ई-स्पोर्ट्स और सोशल गेम्स को प्रमोट करना होगा।

ये भी पढ़ें: अगर AC खरीदने का है प्लान, तो थोड़े दिन और कर लीजिए इंतेजार; इस Festive Season ₹2,500 तक घट सकती है इन घरेलू गैजेट्स की कीमत

क्या है दुनिया के अन्य देशों में Online Gaming कानून?

भारत अकेला ऐसा देश नहीं है जिसने रियल-मनी गेमिंग पर प्रतिबंध लगाया है। दुनिया के कई देशों में ऑनलाइन गेमिंग को लेकर सख्त नियम हैं, लेकिन भारत का Online Gaming Act 2025 सबसे सख्त माना जा रहा है। चीन में नाबालिगों के लिए गेमिंग समय सीमित है और रियल-मनी खेलों पर रोक है, अमेरिका के कुछ राज्यों में ऑनलाइन बेटिंग वैध लेकिन कड़े नियमों के साथ है, ब्राजील में खेल सट्टेबाजी नियंत्रित तरीके से वैध है, जबकि रूस में ऑनलाइन कैसिनो पूरी तरह प्रतिबंधित हैं। भारत ने Real Money Gaming पर पूर्ण प्रतिबंध लगाकर दुनिया में उदाहरण पेश किया है।

ऐसे ही और महत्वपूर्ण खबरों को अपने फोन पर पाने के लिए, जुड़िए हमारे साथ —

About the Author

Veer Rai

Founder & Editor, जय जगदम्बा न्यूज

Veer Rai जय जगदम्बा न्यूज के Founder और Editor हैं। उन्हें पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया क्षेत्र में कई वर्षों का अनुभव है। वे बिहार और देश-दुनिया से जुड़ी महत्वपूर्ण खबरों के साथ करियर, शिक्षा, नौकरी, राजनीति, धर्म, बिजनेस, टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल जैसे विषयों पर गहन और शोध-आधारित लेख प्रकाशित करते हैं। उनका उद्देश्य पाठकों तक सरल, स्पष्ट और विश्वसनीय भाषा में उपयोगी, तथ्यपरक और प्रमाणित जानकारी पहुंचाना है, जिससे लोग सही और जागरूक निर्णय ले सकें।

View all articles by Veer Rai →