सीमा पर अचानक उमड़ी हजारों लोगों की भीड़, बढ़ते संकट के बीच सरकार ने तैनात की सेना

Spain Ceuta Border Crisis: मोरक्को से हजारों प्रवासी तैरकर पहुंचे स्यूटा, स्पेन ने सेना तैनात की
1 min read

Spain Ceuta Border Crisis: स्पेन और मोरक्को की सीमा पर ऐसा घटनाक्रम सामने आया है जिसने पूरे यूरोप का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। हजारों प्रवासी समुद्र तैरकर स्पेन के स्यूटा (Ceuta) इलाके में पहुंच गए, जिसके बाद सीमा पर हालात तेजी से बिगड़ने लगे। स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि स्पेन सरकार को सेना तैनात करने का फैसला लेना पड़ा।

आखिर अचानक इतनी बड़ी संख्या में लोग सीमा पार क्यों करने लगे, सरकार ने क्या कदम उठाए और इस संकट का आगे क्या असर पड़ सकता है? जानिए इस पूरी घटना की हर अहम जानकारी।

स्पेन ने स्यूटा में सेना भेजने का लिया फैसला

स्पेन सरकार ने गुरुवार देर शाम घोषणा की कि स्यूटा में सीमा सुरक्षा को मजबूत करने के लिए सेना भेजी जाएगी। सेना वहां पहले से तैनात सिविल गार्ड की मदद करेगी, जो सीमा की निगरानी करती है। यह फैसला स्यूटा की क्षेत्रीय सरकार के अनुरोध के बाद लिया गया। स्थानीय प्रशासन ने मैड्रिड से अतिरिक्त पुलिस और सेना भेजने की मांग की थी क्योंकि सीमा पर स्थिति नियंत्रण से बाहर होती जा रही थी।

घटनास्थल से सामने आए वीडियो में बड़ी संख्या में लोग समुद्र किनारे बने ब्रेकवॉटर को पार कर सड़कों की ओर जाते दिखाई दिए। इनमें ज्यादातर युवा पुरुष थे, लेकिन महिलाओं और बच्चों वाले परिवार भी शामिल थे।

ये भी पढ़ें: पेपर लीक करने वालों पर अब सबसे बड़ी कार्रवाई! लोकसभा से पास हुआ नया बिल, 10 साल जेल और ₹50 लाख जुर्माने का प्रावधान

सीमा पर बढ़ा दबाव, अधिकारियों ने बताया हालात गंभीर

स्यूटा में स्पेन की सिविल गार्ड अधिकारियों के संगठन के प्रमुख रशीद स्बीही ने कहा कि सीमा पर “पूरी तरह अफरा-तफरी” जैसी स्थिति है। उनके अनुसार, इतने अधिक लोग एक साथ सीमा पार कर रहे हैं कि सही संख्या बताना मुश्किल हो गया है। उधर, मोरक्को के मानवाधिकार संगठन के प्रतिनिधि अचराफ मैमौनी ने इस स्थिति को “असाधारण” बताया।

उन्होंने कहा कि गुरुवार सुबह ताराजाल (Tarajal) सीमा पार करने का रास्ता सामान्य से अलग परिस्थितियों में खुला, जिससे बड़ी संख्या में लोग आगे बढ़ सके। हालांकि अब तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि अचानक इतनी बड़ी संख्या में लोगों ने सीमा पार करने की कोशिश क्यों की।

लगातार बढ़ रही थी आवाजाही, समुद्र में हुईं मौतें

गुरुवार की यह बड़ी घटना अचानक नहीं हुई। इसके पहले भी कई दिनों से छोटे-छोटे समूहों में लोग स्यूटा पहुंचने की कोशिश कर रहे थे। बुधवार को समुद्र के रास्ते स्यूटा पहुंचने की कोशिश कर रहे प्रवासियों से जुड़ी घटना में कम से कम तीन लोगों की मौत हो गई थी। इसके बाद भी लोगों का सीमा पार करना जारी रहा।

स्पेन के गृह मंत्रालय ने कहा कि,

मोरक्को प्रशासन उसके साथ मिलकर काम कर रहा है। मोरक्को की पुलिस बड़ी संख्या में लोगों को सीमा पार करने से रोक रही है। दोनों देशों ने बिना अनुमति स्यूटा पहुंचे लोगों को जल्द वापस भेजने की प्रक्रिया पर भी सहमति जताई है।

स्पेन के गृह मंत्री फर्नांडो ग्रांडे-मार्लास्का शुक्रवार को स्यूटा का दौरा करने वाले हैं ताकि मौके पर हालात का जायजा लिया जा सके। हालांकि सरकार ने फिलहाल राष्ट्रीय आपातकाल घोषित करने से इनकार किया है। सरकार का कहना है कि मौजूदा कानून के तहत प्रवासन को राष्ट्रीय सुरक्षा आपातकाल की श्रेणी में नहीं रखा गया है।

ये भी पढ़ें: अगस्त से महंगाई का नया झटका! चाय, साबुन, टीवी से लेकर कार तक महंगी, जानिए किन चीजों पर बढ़ेगा खर्च

स्यूटा पहले भी बन चुका है बड़े प्रवासी संकट का केंद्र

स्यूटा उत्तरी अफ्रीका में स्थित स्पेन का एक स्वायत्त क्षेत्र है और यूरोप में प्रवेश करने के प्रमुख रास्तों में से एक माना जाता है। बेहतर जीवन और रोजगार की तलाश में अफ्रीका के कई देशों के लोग यहां पहुंचने की कोशिश करते हैं। कई प्रवासी मोरक्को के फनिदेक (Fnideq) शहर से लगभग पांच किलोमीटर समुद्र तैरकर स्यूटा पहुंचते हैं, जबकि कुछ लोग बेलयूनेश (Belyounech) के पास से छोटे समुद्री रास्ते का इस्तेमाल करते हैं।

इससे पहले मई 2021 में भी दो दिनों के भीतर 8,000 से अधिक प्रवासी स्यूटा पहुंच गए थे। उस समय भी दोनों देशों के बीच तनाव बढ़ गया था। हाल के दिनों में स्यूटा प्रशासन ने यह भी कहा था कि स्वागत केंद्र पूरी तरह भर चुके हैं और सैकड़ों लोगों को सड़कों पर रात बितानी पड़ रही है।

स्पेन के गृह मंत्रालय के अनुसार, 15 जुलाई तक इस वर्ष करीब 3,000 प्रवासी भूमि और समुद्री मार्ग से स्यूटा पहुंच चुके थे। मंत्रालय ने कहा है कि नए आधिकारिक आंकड़े 3 अगस्त को जारी किए जाएंगे।

Jai Jagdamba News Whatsapp